गुरुकुल आर्यनगर में मनोचिकित्सकों ने छात्रों को मनोस्थिति के विभिन्न पहलुओं से करवाया रूबरू, तनाव प्रबंधन के बताए उपाय
हिसार : छात्रों को मनोविज्ञान के विभिन्न पहलुओं से रूबरू करवाने और मनोचिकित्सा की जानकारी प्रदान करने के लिए गुरुकुल आर्यनगर में जागरूकता शिविर कर आयोजन किया गया। इस शिविर में परिवर्तन अस्पताल के मनोचिकित्सक डॉ. कर्णजीत सिंह, डॉ. रितु खुराना व मनोवैज्ञानिक डॉ. सीमा ने छात्रों को मानसिक अवस्था के विभिन्न चरणों की जानकारी दी और तनाव रहित रहकर श्रेष्ठ प्रदर्शन करने के उपाय समझाए। इसके साथ ही उन्हें गुड टच व बैड टच के बारे में भी जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर गुरुकुल के कार्यकारी प्रधान रामकुमार आर्य व मंत्री एडवोकेट लाल बहादुर खोवाल ने भी विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए रचनात्मक कार्य करने के लिए प्रेरित किया। रामकुमार आर्य व एडवोकेट खोवाल ने चिकित्सकों को स्मृति चिह्न प्रदान करके सम्मानित भी किया।
गुरुकुल आर्यनगर के मंत्री एडवोकेट लाल बहादुर खोवाल ने बताया कि गुरुकुल के विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए समय-समय पर चिकित्सा जांच शिविर व अन्य आयोजन किए जाते हैं। इसी कड़ी में मनोचिकित्सकों को आमंत्रित करके विद्यार्थियों से उनकी मुलाकात करवाई गई। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर ब्रह्मचारी दीप कुमार, सत्यव्रत आर्य, श्वेता शर्मा एडवोकेट, हिमांशु आर्य खोवाल एडवोकेट, शबनम एडवोकेट, प्राचार्य विनय मल्होत्रा, प्रबंधक सुरेश शास्त्री, रमेश शास्त्री, सुनील कुमार, विनोद कुमार, करण शर्मा व अश्विनी कुमार शास्त्री भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
मनोचिकित्सकों ने गुरुकुल का अवलोकन किया और यहां स्थापित चित्र दीर्घा को भी देखा। चिकित्सकों ने कहा कि गुरुकुल का अनुशासन व व्यवस्था अत्यंत प्रभावशाली है। उन्होंने कहा कि यहां के विद्यार्थी निश्चित रूप से समाज के विकास के लिए श्रेष्ठ कार्य करेंगे। शिविर के दौरान मनोचिकित्सकों ने छात्रों को तनाव, चिंता व अवसाद को दूर करने के उपाय बताए। इसके साथ ही संवाद, संचार, व्यवहार, गलत-सही की पहचान, गुड टच व बैड टच की भी विस्तृत जानकारी दी। विद्यार्थियों द्वारा पूछे गए प्रश्नों का सटीक उत्तर देकर चिकित्सकों ने उनकी जिज्ञासा को शांत किया।



गुरुकुल आर्यनगर में जागरूकता शिविर के दौरान उपस्थित मनोचिकित्सक व पदाधिकारी।